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अल्बर्ट आइंस्टीन की जीवनी | Albert Einstein Biography in Hindi

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Albert Einstein Biography In Hindi
Albert Einstein
पूरा नाम अल्बर्ट हेर्मन्न आइंस्टीन
जन्म         14 मार्च 1879
जन्मस्थान   उल्मा (जर्मनी)
पिता         हेर्मन्न आइंस्टीन
माता पौलिन कोच
शिक्षा ज्युरिंच विश्वविद्यालय से P.H.D.
पत्नीमरिअक, एलिसा लोवेंन थाल
पुत्रएडुआर्ड आइंस्टीन, हंस अल्बर्ट आइंस्टीन
पुत्रीलिसेर्ल आइंस्टीन
व्यवसायभौतिक विज्ञानी
पुरस्कारनोबेल पुरस्कार, कोपले मेडल, फ्रेंकलिन मेडल
नागरिकताअमेरिकी, स्विस, जर्मन, प्रशिया

 

भौतिक विज्ञानी अल्बर्ट आइंस्टीन (Albert Einstein Biography in Hindi) :

अल्बर्ट आइंस्टीन Albert Einstein मानव इतिहास के जाने-माने वैज्ञानिक और सैद्धांतिक भौतिकशास्त्री है। अल्बर्ट ने कई क्षेत्रों में अपना योगदान दिया हैं जैसे सापेक्ष ब्राह्मांड, कोशिकायों की गति, अणुओं का ब्रौन्नियाँ, एक अणु वाले गैस का कवान्तक सिद्धांत और उष्मीय गुण तथा भौतिकी का ज्यमितिकरण आदि 50 से भी अधिक शोध पत्रों और विज्ञान अपर के ऊपर कई किताबे लिखी है। 1999 में टाइम्स पत्रिका ने उन्हें शताब्दी पुरुष घोषित किया था और उनकी गिनती विश्व के महान वैज्ञानिको में की जाती है। उन्हें 1921 में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।

 

प्रारंभिक जीवन (Albert Einstein Early Life) :

अल्बर्ट आइंस्टीन का जन्म 14 मार्च 1879 को जर्मनी में वुतटेमबर्ग के यहूदी परिवार में हुआ। उनके पिता हरमन आइंस्टीन एक इंजिनियर और सेल्समन थे जबकि उनकी माता पोलिन आइंस्टीन थी। 1880 में, उनका परिवार म्यूनिख शहर चला गया जहा उनके पिता और चाचा ने एक कंपनी खोली जो बिजली के उपकरण बनाती थी। Albert Einstein Biography in Hindi

 

शिक्षा (Albert Einstein Education) :

अल्बर्ट आइंस्टीन परिवार यहूदी धार्मिक परम्पराओ को नहीं मानता था और इसीलिए आइंस्टीन कैथोलिक विद्यालय में पढने के लिए गये। लेकिन बाद में 8 साल की उम्र में वे वहा से स्थानांतरित होकर लुइटपोल्ड जिम्नेजियम गये, जहा उन्होंने माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षा ग्रहण की, वे वहा अगले 7 सालो तक रहे, जब तक उन्होंने जर्मनी नहीं छोड़ी।

1991 में 12 साल की उम्र में इन्होंने ज्यामिति की खोज की और उसका सजग और कुछ प्रमाण भी निकाला। 16 साल की उम्र में, वे गणित के कठिन से कठिन हल को बड़ी आसानी से कर लेते थे. अल्बर्ट आइंस्टीन की सेकेंडरी पढ़ाई 16 साल की उम्र तक ख़त्म हो चुकी थी। उनको स्कूल पसंद नही था, और वे बिना किसी को परेशान किये, विश्वविद्यालय में जाने के अवसर को ढूंढने की योजना बनाने लगे। उनके अध्यापक ने उन्हें वहाँ से हटा दिया, क्युकि उनका बर्ताव अच्छा नहीं था। 

अल्बर्ट आइंस्टीन स्विट्ज़रलैंड के ज्यूरिच में ‘फ़ेडरल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी’ में जाने के लिए प्रयास करने लगे, किन्तु वे वहाँ के दाखिले की परीक्षा में असफल हुए। फिर उनके प्राध्यापक ने सलाह दी कि सबसे पहले उन्हें स्विट्ज़रलैंड के आरौ में ‘कैनटोनल स्कूल’ में डिप्लोमा करना चाहिए। Albert Einstein Biography in Hindi

उन्होंने प्राध्यापक की सलाह को समझा, वे यहाँ जाने के लिए बहुत ज्यादा इक्छुक थे और वे भौतिकी और गणित में अच्छे थे। जब वे अपने परिवार के साथ कुछ दिनों तक रह रहे थे तभी उन्हें विन्टेलेर की बेटी मैरी से प्रेम हुआ। Scientist Albert Einstein

1900 में अल्बर्ट आइंस्टीन ने फ़ेडरल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी से अपने ग्रेजुएशन की परीक्षा पास की, किन्तु उनके एक अध्यापक उनके खिलाफ थे, उनका कहना था की आइंस्टीन युसूअल युनिवर्सिटी असिस्टेंटशिप के लिए योग्य नही है। 26 साल की उम्र में आइंस्टीन ने डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की और अपना पहला क्रांतिकारी विज्ञान सम्बन्धी दस्तावेज लिखा इन दस्तावेजों से वे प्रसिद्ध हो गए।

 

अल्बर्ट आइंस्टीन का करियर (Albert Einstein Career) :

1909 में बर्न युनिवर्सिटी में लेक्चरर की जॉब के बाद, आइंस्टीन ने ज्युरिच की युनिवर्सिटी में सहयोगी प्राध्यापक के लिए अपना नाम दिया। दो साल बाद क्ज़ेकोस्लोवाकिया के प्राग शहर में जर्मन युनिवर्सिटी में प्राध्यापक के लिए चुने गए. साथ ही 6 महीने के अंदर ही फ़ेडरल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी में प्राध्यापक बन गए।

1913 में जाने माने वैज्ञानिक मैक्स प्लांक और वाल्थेर नेर्न्स्ट ज्यूरिक आये और उन्होंने आइंस्टीन को जर्मनी में बर्लिन की युनिवर्सिटी में एक फायदेमंद अनुसंधान प्राध्यापकी के लिए प्रोत्साहित किया और उन्होंने विज्ञान की प्रुस्सियन अकादमी की पूरी मेम्बरशिप भी दी। आइंस्टीन ने इस अवसर को स्वीकार कर लिया। जब वे बर्लिन चले गए, तब उनकी पत्नी ज्यूरिक में अपने दो बच्चों के साथ ही रह रहीं थी और उनका तलाक़ हो गया। 1917 में आइंस्टीन ने एलसा से शादी कर ली।

1920 में आइंस्टीन हॉलैंड में लेइदेन की युनिवर्सिटी में जीवनपरियंत सम्माननीय प्राध्यापकी के लिए चुने गए। इसके बाद इन्हें बहुत से पुरस्कार भी मिले. इसके बाद इनका कैरियर एक नए पड़ाव पर पहुँचा। इस समय आइंस्टीन ने कैलिफोर्निया इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी में प्रस्थान किया, 1933 में यह उनकी यूनाइटेड स्टेट्स में आखिरी ट्रिप थी।

 

अल्बर्ट आइंस्टीन के अविष्कार (Albert Einstein Invention List) :

1939 में आइंस्टीन ने एक एटॉमिक बम की संरचना में अपना बहुत ही महत्वपूर्ण योगदान दिया। अल्बर्ट आइंस्टीन ने बहुत से अविष्कार किये जिसके लिए उनका नाम प्रसिद्ध वैज्ञानिको में गिना जाने लगा. उनके कुछ अविष्कार इस प्रकार है :

  • प्रकाश की क्वांटम थ्योरी (Einstein on Quantum Theory of Light)
  • ब्रोव्नियन मूवमेंट (Einstein on Brownian Movement)
  • स्पेशल थ्योरी ऑफ़ रिलेटिविटी (Einstein on Special Theory of Relativity)
  • जनरल थ्योरी ऑफ़ रिलेटिविटी (Einstein on General Theory of Relativity)
  • आइंस्टीन का रेफ्रीजरेटर (Einstein Refrigerator)
  • आसमान नीला होता है (Einstein on The Sky is Blue)
  • E= MC square

 

पुरस्कार (Albert Einstein Awards) :

  • 1921 में भौतिकी का नॉबल पुरस्कार दिया गया।
  • 1921 में मत्तयूक्की मैडल दिया गया।
  • 1925 में कोपले मैडल दिया गया।
  • 1929 में मैक्स प्लांक मैडल दिया गया।
  • 1999 में शताब्दी के टाइम पर्सन का पुरस्कार दिया गया।

 

अल्बर्ट आइंस्टीन के रोचक तथ्य (Albert Einstein Interesting Facts) :

  • अल्बर्ट आइंस्टीन बचपन में पढाई में और बोलने में कमजोर हुआ करते थे।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन अपने दिमाग में ही सारे प्रयोग का हल निकाल लेते थे।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन को नॉबल पुरस्कार भी मिला किन्तु उसकी राशि उन्हें नही मिल पाई।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन को राष्ट्रपति के पद के लिए भी अवसर मिला. लेकिन उन्होंने इसे विनम्रतापूर्वक मना कर दिया।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन युनिवर्सिटी की दाखिले की परीक्षा में फेल भी हो चुके है।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन की आँखे एक सुरक्षित डिब्बे में रखी हुई है।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन का एक गुरुमंत्र था “अभ्यास ही सफलता का मूलमंत्र है”।
  • अल्बर्ट आइंस्टीन की मृत्यु के बाद एक वैज्ञानिक ने उनके दिमाग को चुरा लिया था, फिर वह 20 साल तक एक जार में बंद था।

कहा जाता है की अच्छी संगती और अच्छे विचार इंसान की प्रगति का द्वार खोल देते है। ये दोनों ही हमारे जीवन में बहोत मायने रखते है। अल्बर्ट आइंस्टीन का हमेशा से यही मानना था की हम चाहे कोई छोटा काम ही क्यू ना कर रहे हो, हमें उस काम को पूरी सच्चाई और प्रमाणिकता के साथ करना चाहिये। तबी हम एक बुद्धिमान व्यक्ति बन सकते है।

 

मृत्यु (Albert Einstein Death) : 

जर्मनी में जब हिटलर शाही का समय आया, तो अल्बर्ट आइंस्टीन को यहूदी होने के कारण जर्मनी छोड़ कर अमेरिका के न्यूजर्सी में आकर रहना पड़ा। अल्बर्ट आइंस्टीन वहाँ के प्रिस्टन कॉलेज में अपनी सेवाएं दे रहे थे और उसी समय 18 अप्रैल 1955 में उनकी मृत्यु हो गई। Albert Einstein Biography in Hindi

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